अंताखी  

अंताखी सिरिया या शाम देश में स्थित ऐंटिओकस नामक स्थान का प्राचीन संस्कृत रूप जिसका उल्लेख महाभारत में है-

'अंताखी चैव रोमां च यवनानां पुरं तथा, द्तैरेव वशंचक्रे करं चैनानदापयत्' सभा0 31,72;

अर्थात् सहदेव ने अपनी दिग्विजय-यात्रा में अंताखी, रोम और यवनपुर के शासकों को केवल दूत भेज कर ही वश में कर लिया और उन पर कर लगाया। [1]


टीका टिप्पणी और संदर्भ

  • ऐतिहासिक स्थानावली
  1. टि. इस श्लोक का पाठांतर- 'अटवीं च पुरीं रम्यां यवनानां पुरंतथा' है

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