भारत के राज्यों की संस्कृति  

विषय सूची

अरुणाचल प्रदेश की संस्कृति

  • अरुणाचल प्रदेश में विभिन्न जनजातियों के लोगों की अपनी-अपनी अलग पगड़ी एवं परिधान है।
  • बुनाई कला का अपना महत्त्व है एवं हर जनजाति की अपनी विशिष्ट शैली है।
  • नृत्य सामाजिक जीवन का अभिन्न अंग है।
  • लोसर, मेपिन एवं सोलुंग यहाँ के प्रमुख जनजातीय पर्व है।

असम की संस्कृति

  • नागारिक विमानों की नियमित उड़ानें गोपीनाथ बाड़दोलाई हवाई अड्डा (गुवाहाटी), सलोनीबाड़ी (तेजपुर), मोहनबाड़ी (उत्तरी लखीमपुर), कुंभीरग्राम (सिलचर), और रोवरियाह (जोरहाट) से होती हैं।
  • असम में अनेक रंगारंग त्योहार मनाए जाते हैं। 'बिहू' असम का मुख्य पर्व है।
  • यह वर्ष में तीन बार मनाया जाता है- 'रंगाली बिहू' या 'बोहाग बिहू' फ़सल की बुआई की शुरुआत का प्रतीक है।

आंध्र प्रदेश की संस्कृति

भारतीय सांस्कृतिक विरासत में आंध्र प्रदेश का योगदान उल्लेखनीय है। प्राचीन समय से इस क्षेत्र में वास्तुकला और चित्रकला अत्यंत विकसित रही। भारतीय परंपरा में कुचिपुडी नृत्य शैली अनोखी है। कर्नाटक (दक्षिण भारतीय) संगीत ने आंध्र प्रदेश से बहुत कुछ ग्रहण किया है। कई दक्षिण भारतीय शास्त्रीय संगीतकार आंध्र प्रदेश के हैं और बहुत सी संगीत रचनाओं की भाषा तेलुगु रही है। द्रविड़ परिवार की चार प्रमुख साहित्यिक भाषाओं में से एक तेलुगु का भारतीय भाषाओं में सम्मानित स्थान है।

उत्तर प्रदेश की संस्कृति

टीका टिप्पणी और संदर्भ

  1. जिसमें श्रीमद्भागवदगीता शामिल है
  2. लगभग 600 ई. पू.-1200 ई.
  3. वाराणसी के निकट सारनाथ में स्थित
  4. हिन्दीउर्दू
  5. वीणा परिवार का तंतु वाद्य
  6. पट्ट चित्रकला के नाम से विख्यात
  7. तमिलनाडु शैली की सांडो की लडाई
  8. सामुदायिक भवन या युवा अविवाहित पुरुषों का शयनागार
  9. विदिशा से लगभग 13 किमी. दक्षिण-पश्चिम में
  10. और इस विवाह को दाम्पत्य की सम्पूर्णता भी प्रदान की जाती है
  11. महाभारत का एक हिस्सा

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