अंगत्राण  

अंगत्राण - संज्ञा पुल्लिंग (संस्कृत अंङ्गत्राण)[1]

1. शस्त्रास्त्रों से अंग की रक्षा के निमित्त पीतल या लोहे का पहिनावा, कवच, बख्तर, वर्म, जिरह।

2. अंगरखा, कुरता।


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टीका टिप्पणी और संदर्भ

  1. हिंदी शब्दसागर, प्रथम भाग |लेखक: श्यामसुंदरदास बी. ए. |प्रकाशक: नागरी मुद्रण, वाराणसी |पृष्ठ संख्या: 05 |

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