देवप्रस्थ  

देवप्रस्थ का उल्लेख महाभारत में हुआ है। महाभारत के वर्णन के अनुसार अर्जुन ने अपनी दिग्विजय यात्रा के प्रसंग में देवप्रस्थ को जीता था।

  • देवप्रस्थ में सेनाबिंदु की राजधानी थी-
'सदेवप्रस्थमासाद्य सेनाबिंदो: पुरंप्रति, बलेन चतुरंगेण निवेशमकरोत् प्रभु:'[1]


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