अराकान  

इतिहास

अराकान में निवास करने वालों की सभ्यता अति प्राचीन है। मान्यता के अनुसार 2,666 ई.पू. से आज तक के सभी राजाओं के नाम ज्ञात हैं। कभी मुग़ल और कभी पुर्तग़ाली लोगों ने कुछ भागों पर अधिकार जमा लिया था, परंतु वे जल्द ही पराजित कर दिये गए। सन 1826 से यहाँ अंग्रेज़ों का शासन रहा था। जनवरी, सन 1948 से बर्मा पुन: स्वतंत्र हो गया और अब वहाँ गणतंत्र राज्य है।

धर्म

अराकान का प्रधान नगर पहले अराकान था, परंतु अस्वास्थ्यप्रद होने के कारण अब यहाँ का 'अक्याब नगर' प्रधान नगर हो गया है। हालाँकि अराकान के निवासी मुख्यत: बर्मी है तो भी यहाँ के रीति और रिवाजों में काफ़ी अंतर है। यहाँ बहुत बड़ी संख्या में बौद्ध धर्म के अनुयायी हैं।[1]

कृषि

अराकान का प्रदेश पहाड़ी है और केवल दशम भू-भाग में ही खेती हो पाती है। अराकान की मुख्य फ़सल धान है। फल, तंबाकू, मिर्च आदि की भी यहाँ खेती होती है। अराकान में वन क्षेत्रफल भी अधिक है, लेकिन परंतु वर्षा बहुत (औसतन 120 से 130 तक) होती है।


पन्ने की प्रगति अवस्था
आधार
प्रारम्भिक
माध्यमिक
पूर्णता
शोध

टीका टिप्पणी और संदर्भ

  1. 1.0 1.1 अराकान (हिन्दी)। । अभिगमन तिथि: 5 जून, 2012।

संबंधित लेख

और पढ़ें

वर्णमाला क्रमानुसार लेख खोज

                              अं                                                                                                       क्ष    त्र    ज्ञ             श्र   अः



"http://m.bharatdiscovery.org/w/index.php?title=अराकान&oldid=495882" से लिया गया