रीमा लागू  

रीमा लागू
रीमा लागू
पूरा नाम गुरिंदर भादभाड़े
जन्म 3 फ़रवरी, 1958
मृत्यु 18 मई, 2017
मृत्यु स्थान मुम्बई, महाराष्ट्र
अभिभावक माता- मंदाकनी भादभाड़े
पति/पत्नी विवेक लागू
कर्म भूमि भारत
कर्म-क्षेत्र सिनेमा एवं टेलीविज़न
मुख्य फ़िल्में 'मैंने प्यार किया', 'वास्तव', 'आशिकी', 'साजन', 'हम आपके हैं कौन', 'हम साथ साथ हैं', 'कयामत से कयामत तक', नाजायज़, 'पत्थर के फूल' आदि।
पुरस्कार-उपाधि फ़िल्‍मफेयर सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेत्री पुरस्कार (चार बार)
प्रसिद्धि अभिनेत्री
नागरिकता भारतीय
अन्य जानकारी ममता और स्नेह से भरी माँ का रोल निभाने के लिए रीमा लागू हमेशा प्रसिद्ध रहीं। सलमान ख़ान के कॅरियर में रीमा लागू का बहुत बड़ा योगदान है। सलमान ख़ान की कई बड़ी फ़िल्मों में रीमा उनकी माँ बनीं।
अद्यतन‎

रीमा लागू (अंग्रेज़ी: Reema Lagoo, जन्म- 3 फ़रवरी, 1958; मृत्यु- 18 मई, 2017, मुम्बई) हिन्दी फ़िल्मों की शानदार अभिनेत्री थीं। मुख्यत: उन्हें फ़िल्मों में माँ की शानदार भूमिकाएँ निभाने के लिए जाना जाता है। फ़िल्म 'मैंने प्यार किया' की साथिन माँ हो या 'वास्तव' की कठोर माँ या फिर 'ये दिल्लगी' की मालिकाना माँ, रीमा लागू की इन भूमिकाओं का कोई सानी नहीं था। उन्होंने नए जमाने की माँ की भूमिकाओं को खूब चरितार्थ किया। 'आशिकी', 'साजन', 'हम आपके हैं कौन', 'मैंने प्यार किया, 'वास्तव', 'कुछ कुछ होता है' और 'हम साथ साथ हैं' जैसी कई फ़िल्मों में रीमा ने माँ का जीवंत किरदार निभाया। उन्होंने सलमान ख़ान के लिए कई फ़िल्मों में उनकी माँ की भूमिका निभाई। टीवी सीरियल 'तू तू मैं मैं' में वह सास के किरदार में थीं।

परिचय

रीमा लागू का जन्म 3 फ़रवरी सन 1958 को बम्बई (वर्तमान मुम्बई), महाराष्ट्र में हुआ था। उनका वास्तविक नाम गुरिंदर भादभाड़े था। वे जानी-मानी मराठी अभिनेत्री मंदाकनी भादभाड़े की बेटी थीं। उनके अभिनय की काबिलियत तब सामने आई, जब वे पुणे के हुजूरपागा एच.एच.सी.पी हाईस्कूल में पढ़ाई कर रही थीं। प्रोफेशनल तौर पर अभिनय करने के लिए उन्होंने हाईस्कूल की पढ़ाई बीच में ही छोड़ दी थी। रीमा का विवाह मराठी अभिनेता विवेक लागू से हुई थी। विवाह के बाद उन्होंने अपना नाम रीमा लागू रख लिया था।

रंगमंच से अपने अभिनय का सफर शुरू करने वाली रीमा ने हिन्दी की कई सुपरहिट फिल्‍मों में काम किया। उनको हिन्दी फ़िल्मों में माँ की शानदार भूमिकाओं के लिए जाना जाता था। बॉलीवुड में उनका सितारा फ़िल्म 'कयामत से कयामत तक' में जूही चावला की माँ के किरदार से चमका। रीमा अंत समय तक अभिनय के क्षेत्र में सक्रिय थीं। अपने अंतिम दिनों में वह स्टार प्लस के धारावाहिक 'नामकरण' में काम कर रहीं थीं। इसके अलावा वे रंगमंच और विज्ञापन फ़िल्में भी कर रहीं थीं। वैसे तो रीमा लागू ने अपना अभिनय का सफर रंगमंच से शुरू किया था, लेकिन देखते ही देखते वह बॉलीवुड की चहेती माँ बन गईं। बॉलीवुड की अक्‍सर 'दया का पात्र' जैसी दिखने वाली माँ से अलग रीमा लागू ने अपने किरदारों में हमेशा एक अलग अंदाज रखा। सिर्फ फ़िल्म 'वास्‍तव' ही नहीं, उन्होंने अपने माँ के हर किरदार को हमेशा पारंपरिक माँ की छवि से अलग और ज्‍यादा प्रैक्टिकल रखा। रीमा लागू को अपने किरदारों के लिए चार बार फ़िल्‍मफेयर का बेस्‍ट सपोर्टिंग एक्‍ट्रेस अवॉर्ड मिल चुका था।

टीका टिप्पणी और संदर्भ

  1. रीमा लागू नहीं रहीं, 7 फिल्मों में सलमान की माँ का रोल अदा किया था (हिंदी) bollywood.bhaskar.com। अभिगमन तिथि: 19 मई, 2017।
  2. जब रीमा लागू को लोग कहने लगे सलमान की माँ (हिंदी) khabar.ndtv.com। अभिगमन तिथि: 18 मई, 2017।
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